Kotak Special Opportunities Fund ऐसे निवेशकों के लिए design किया गया है जो लंबी अवधि की पूंजी वृद्धि की तलाश में हैं और विशेष स्थिति थीम के बाद मुख्य रूप से equity और equity-related securities के portfolio में निवेश करना चाहते हैं।
इस योजना का लक्ष्य दीर्घकालिक पूंजी सराहना है। यह scheme अत्यधिक जोखिम वाली श्रेणी में आती है। इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि योजना का निवेश उद्देश्य हासिल हो जायेगा।
यह योजना 10/06/2024 से 24/06/2024 तक निवेश के लिए उपलब्ध रहेगी।
यह योजना विशेष situations theme वाली इक्विटी और इक्विटी संबंधित प्रतिभूतियों, विशेष परिस्थिति थीम के अलावा equity और equity related securities और विदेशी Mutual Funds schemes/विदेशी प्रतिभूतियों में निवेश करेगी।
बोनस शेयर क्या है Bonus share meaning in hindi
जब भी कंपनी प्रॉफिट कमाई करता है, इस मुनाफा को कंपनी Reserve & Surplus में रख सकते हैं। या फिर प्रॉफिट का कुछ हिस्सा dividend के रूप में शेयर होल्डर को दे सकते हैं। Dividend के अलाबा और भी होते है जैसा की Bonus share, Buy back।
Bonus issue में शेयर होल्डर को उनके होल्ड किये हुये Share पर अतिरिक्त शेयर मिलता हैं। ये इशू एक Ratio के हिसाब से तय किया जाता हैं. उदाहरण के लिए:-
मान लीजिए ABC कंपनी ने Bonus share issue किया 4:1 के हिसाब से। हमारे पास पहले से 100 शेयर है। लेकिन अब 4:1 Ratio हिसाब से मुझे हर 1 शेयर के पीछे 4 शेयर फ्री में मिलेगी। यानि अब हमारे पास 400 बोनस शेयर और 100 पहले खरीदा हुआ, कुल शेयर हुवे 500।
जब भी कंपनी Bonus share issue करता है तो उसकी शेयर प्राइस भी उसी Ratio के हिसाब से कम हो जाता हैं। मतलब आपका इन्वेस्टमेंट अमाउंट एक ही रहेगा। आपको ये जानना जरुरी है की कंपनी अपने शेयर होल्डर को बोनस शेयर Reserve & Surplus के फंड से ही देता हैं।
आपके मन में आ रहा है कि कंपनी खुद अपने ही शेयर प्राइस बोनस शेयर इशू करके क्यों गिराना चाहते हैं। इससे कंपनी को किया लाभ होगा। इसका मुख्य कारण है Bonus issue से अपना शेयर प्राइस को सस्ती बनाना ताकि हर कोई इसे खरीद सके। जब भी कंपनी बोनस शेयर इशू करता है तो मार्केट में उसके लिए सकारात्मक भाव आ जाता हैं। जिससे कंपनी पर इन्वेस्टर का विश्वास बढ़ने लगता हैं।
Shareholder को क्या फ़ायदा Bonus share से:-
सबसे पहले इन्वेस्टर को Bonus Share के लिए अतिरिक्त कीमत देना नहीं पड़ता फ्री में ही मिल जाता हैं। ज्यादा उन shareholder के लिए फ़ायदा होता है जो लंबे समय के लिए इन्वेस्ट करता हैं। क्युकी इससे आपके शेयर का नंबर बढ़ जाता हैं। अगर भबिष्य में शेयर का प्राइस बढ़ते है तो रितर्न भी बहुत ज्यादा मिल सकता हैं।

सारे शेयरहोल्डर योग्य है जिनके पास उस कंपनी का शेयर EX रिकॉर्ड दिन से पहले है। जैसा की हम जानते है भारत में T+2 दिन का ट्रेडिंग चलता हैं। अगर आप आज शेयर खरीदते हो तो आपके Demat Account में 2 दिन बाद शेयर देखेंगी. तो Bonus issue में शेयर होल्डर के देमत अकाउंट में जिस दिन कंपनी का रिकॉर्ड दिन होगा उस दिन आपके शेयर Demat Account में होना जरूरी हैं। नहीं तो आप Bonus share के लिए योग्य नहीं होंगे।
क्या Bonus share जारी करनेवाले कंपनी खरीदना चाहिए:-
किसी भी कंपनी का शेयर खरीदने से पहले आपको इस बात का ध्यान रखना चाहिए कंपनी भविष्य में अच्छा रहेगा या नहीं। बोनस के आधार पर आपको शेयर नहीं खरीदना चाहिए। अगर कंपनी आपको अच्छा लगता है तभी खरीदना चाहिए।
निष्कर्ष:-
Bonus issue से कंपनी और इन्वेस्टर दोनों के लिए ही फ़ायदा हैं। अगर आप एक लंबे समय का निवेशक है तो बेशक बोनस इशू एक अवसर है जो आपके पैसा बनाने में मदद करेगी। कोई भी शेयर खरीदने से पहले आप अपना Research खुद करे। दुसरे के बताए गए शेयर मत खरीदे जिससे आपको बाद में नुकशान ना उठाना पड़े।
आशा करता हु आपको बोनस शेयर क्या है Bonus share meaning in hindi पोस्ट को पढ़के सीखने को मिला हैं। आपके मन में कोई सवाल या सुझाब है तो कमेंट में जरुर बताए। Share Market से जुड़ी और भी बाते सीखने के लिए आप हमारे और भी पोस्ट को पढ़ सकते हैं।